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बदशाह की 'तातेरी' पर हरियाणा महिला आयोग ने जारी किया समन

बदशाह की 'तातेरी' पर हरियाणा महिला आयोग ने जारी किया समन मई, 26 2026

जब बदशाह, जिनका असली नाम अदिति प्रतिक सिंह सिसोदिया है, ने मार्च 2026 में अपनी हaryanvi गाने "तातेरी" को रिलीज़ किया, तो उन्हें शायद ही पता था कि यह उनके करियर का सबसे बड़ा विवाद बन जाएगा। बात सिर्फ़ एक गाने की नहीं थी; यह महिलाओं और अल्पवयीनों के प्रति सम्मान की सीमाओं को छूने वाला मामला बन गया।

गाने के वीडियो में स्कूल यूनिफॉर्म पहने लड़कियों के दृश्य और कुछ विशेष बोलों ने सोशल मीडिया पर तूफ़ान भड़का दिया। परिणामस्वरूप, हरियाणा राज्य महिला आयोग ने इस मामले में suo motu (स्वतः) संज्ञान लिया और कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।

मामले की शुरुआत: शिकायतें और समन

1 मार्च 2026 को रिलीज़ हुए इस गाने के खिलाफ़ पानीपत स्थित दो संगठनों द्वारा शिकायत दर्ज कराई गई। सविता अर्या, नारी तु नारयणी उथान समिति की अध्यक्ष और शिव कुमार, शिव आर्टि इंडिया फाउंडेशन के निदेशक ने आरोप लगाया कि गाने के बोल और विजुअल्स महिलाओं को वस्तुवादी (objectify) बना रहे हैं और अल्पवयीनों का यौनिकरण (sexualise) कर रहे हैं।

इन शिकायतों के बाद, आयोग की अध्यक्ष रेणू भाटिया ने 6 मार्च 2026 तक बदशाह को समन जारी किया। 13 मार्च 2026 को पानीपत के उप-जिलाधिकारी कार्यालय में सुनाई तय की गई थी। रेणू भाटिया ने स्पष्ट किया था कि ऐसे सामग्री का युवा पीढ़ी और महिलाओं पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।

कानूनी तूफ़ान: FIR से लेकर LOC तक

मामला सिर्फ़ आयोग तक सीमित नहीं रहा। पंचकूला पुलिस ने अपराधप्रद सामग्री और महिलाओं के अवमानजनक चित्रण से जुड़े धाराओं के तहत FIR दर्ज की। साथ ही, राष्ट्रीय स्तर पर राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने भी इस मामले में हस्तक्षेप किया और बदशाह सहित पूरी निर्माण टीम को समन भेजा।

लेकिन वास्तव में तब सनसनी फैली जब बदशाह किसी सुनाई में हाज़िर नहीं हुए। इसके जवाब में हरियाणा महिला आयोग ने उनकी गिरफ्तारी का आदेश दिया और पासपोर्ट जब्त करने के लिए कहा। एक Lookout Circular (LOC) जारी किया गया। हालाँकि, 19 मार्च 2026 को पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय को सूचित किया गया कि LOC वापस ले लिया गया है, क्योंकि बदशाह ने जांच में सहयोग करते हुए पंचकूला में अपना बयान दर्ज कराया।

माफी और 'तातेरी फिर से'

माफी और 'तातेरी फिर से'

दाब बढ़ने पर बदशाह ने सार्वजनिक माफी मांगी। उन्होंने मूल ऑडियो और वीडियो को सभी स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स से हटा दिया। इसके बाद, उन्होंने गाने का एक संशोधित वर्जन "तातेरी फिर से" (Tateeree Phir Se) के नाम से रिलीज़ किया, जिसमें विवादास्पद बोल और दृश्य हटा दिए गए थे।

हालाँकि, कानूनी प्रक्रिया अभी भी चल रही है। यह केवल एक गाने की कहानी नहीं है; यह भारतीय म्यूजिक इंडस्ट्री में सामग्री के नियमन और कानूनी जिम्मेदारी के बारे में एक बड़ी चर्चा को जन्म देता है।

बदशाह का विवादों का इतिहास

बदशाह का विवादों का इतिहास

यह बदशाह के लिए पहली बार नहीं है जब वे कानूनी मुसीबत में फंसे हैं। 2020 में मुंबई पुलिस ने उनके गाने "पागल" के लिए झूठे व्यूज़ खरीदने के आरोप में उनसे पूछताछ की थी। 2025 में पंजाब पुलिस ने उनके गाने "Velvet Flow" पर धार्मिक भावनाएं ठेस पहुंचाने के आरोप में FIR दर्ज की थी।

इसके अलावा, मार्च 2026 में दिल्ली उच्च न्यायालय ने हिंदू शक्ति दल की याचिका पर Yo Yo Honey Singh और बदशाह के 2006 के गाने "Volume 1" को सभी प्लेटफॉर्म्स से हटाने का आदेश दिया था, क्योंकि इसे महिलाओं के प्रति अपमानजनक माना गया था।

Frequently Asked Questions

बदशाह के खिलाफ़ क्या आरोप लगाने वाले संगठन हैं?

मुख्य रूप से पानीपत स्थित 'नारी तु नारयणी उथान समिति' की अध्यक्ष सविता अर्या और 'शिव आर्टि इंडिया फाउंडेशन' के निदेशक शिव कुमार ने शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने गाने के बोलों और वीडियो को महिलाओं और अल्पवयीनों के प्रति अनुचित बताया था।

हरियाणा महिला आयोग ने बदशाह के खिलाफ़ क्या कार्रवाई की?

आयोग ने पहले समन जारी किया और 13 मार्च को सुनाई तय की। जब बदशाह हाज़िर नहीं हुए, तो आयोग ने उनकी गिरफ्तारी और पासपोर्ट जब्त करने का आदेश दिया। बाद में当他们 cooperated with the investigation, the lookout circular was withdrawn.

क्या गाना अब भी उपलब्ध है?

मूल गाना "तातेरी" सभी प्लेटफॉर्म्स से हटा दिया गया है। बदशाह ने इसका एक संशोधित वर्जन "तातेरी फिर से" रिलीज़ किया है, जिसमें विवादास्पद सामग्री को हटाकर उसे पुनः प्रस्तुत किया गया है।

क्या बदशाह के खिलाफ़ अन्य कानूनी मामले भी चल रहे हैं?

हाँ, हाल ही में दिल्ली उच्च न्यायालय ने उनके और Yo Yo Honey Singh के पुराने गाने "Volume 1" को हटाने का आदेश दिया था। इसके अलावा, पिछले वर्षों में उनके गानों "पागल" और "Velvet Flow" पर भी विवाद और FIRs दर्ज हो चुकी हैं।

राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने इस मामले में क्या भूमिका निभाई?

राष्ट्रीय महिला आयोग ने इस मामले में स्वतः संज्ञान लिया और बदशाह सहित गाने की पूरी निर्माण टीम को समन जारी किया। यह दर्शाता है कि मामला केवल राज्य स्तर पर ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी गंभीरता से लिया जा रहा है।